चाहत क कमरा ,
चाहत आंखें बड़ी कर उस कमरे को देख रही थी। जिसके वह अभी दरवाजे पर खड़ी थी, पूरा रूम डेकोरेट था चेरी लाइट्स , बलूंस ढेर सारे स्टाफ टॉयज , और खास करके वो गोल शेप का छोटा सा बेड जिसमें लंबे-लंबे परदे चारों तरफ लगे हुए थे , और उन पर वाइट चेरी लाइट लगी हुई थी रात की वजह से चमक रही थी बहुत ही खूबसूरत लग रही थी । उसके बेड के से के साइड बड़े-बड़े टेडी बेयर रखे हुए थे , और टेडी बीयर्स नॉर्मल नहीं थे जो आमतौर पर लड़कियों को पसंद आते है। कोई शेर था , तो कोई बीयर , कोई क्रोकोडाइल , लायन , टाइगर और न जाने कितने छोटे बड़े पर सारे के सारे जंगली जानवर थे ,
चाहत को शुरू से ही जानवरों को बहुत शौक था। वो अक्सर बचपन में ये सब लेन की जिद करती थी पर अब उसे सॉफ्ट डॉल्स लेकर देते थे , वह बड़ी-बड़ी आंखों से उसकी तरफ देखती ।हैं।
रक्षित आगे बढ़कर कमरे की विंडो खोल देता है । जीसके साइड वाइट कलर के खूबसूरत परदे लगे हुए थे लाइट्स लगी हुई थी । वह विंडो काफी बड़ी थी जिससे पूरा आसमान और चांद दिखाई दे रहा था। चाहत उस विंडो के नजदीक आ कर खड़ी हो जाती हैं।
ठंडी हवा उसके गालों को छूकर जा रही थी। वहां से उसे पूरा आसमान दिखाई दे रहा था। हल्की-हल्की झींगुरों की आवाज एक बहुत ही खूबसूरत सा म्यूजिक बना रही थी। वह पलटती उससे पहले उसकी नजर दो खूबसूरत से तोते के जोड़े पर जाती हैं। जो तक टकी लगाकर टहलते हुए उसे ही देख रहे थे ।
चाहत उसके पास जाती हैं ।और उस पिंजरे पर हाथ रखती
तो वह तोता चीखते हुए कहता है । घर में नया मेहमान आया नहीं नहीं एक खूबसूरत परी आई है। उसकी आवाज इतनी प्यारी थी कि सभी लोग मुस्कराने लगता है। वही जो एक ओर तोता था वो थोड़ी सी टपोरी लैंग्वेज में कहता हैं । तो क्या बे आया है तो तू इसे गला फाड़ेगा जब देखो तब हल्ला मचाता रहता है । मेहमान आया है अपने ने देख लिया ना
चाहत उन दोनों जोड़ों को देखने लगती है .उसे वह दोनों बहुत ही प्यारी लग रहे थे .वो रक्षित और रुद्र की तरफ देखती है। तो वह दोनों पलके झपका देते हैं।
चाहत प्यार से उस पिंजरे का दरवाजा खोल देती है। एक तोता उड़ते हुए बाहर आता है। चाहत के हाथ पर बैठ जाता है । चाहत घबराकर अपना हाथ पीछे करती रूद्र उसके हाथ को पकड़ते हुए बहुत ही प्यार से कहता हैं।
ये तुमसे ही मिलना चाहते थे जब हम लोग यहां से गए थे तब मैंने यह तुम्हारे लिए लिए थे और तब से इनका ख्याल रख रहा हूं कि एक दिन तुम्हे इनकी जिम्मेदारी सौंप दूंगा और फाइनली तुम आ गई हो तो तुम ही देखो भाई मैं तो जा रहा हूं सोने के लिए,
वही वह टपोरी तोता रूद्र का कहता मजाक उड़ाते हुए कहता, चल बे झींगुर निकल यहां से इधर अपुन अपनी परी के साथ सोएगा आज तो बोलते हुए उड़ते हुए पिंजरे से बाहर आता और चाहत के कंधे पर बैठ जाता है।
चाहत उन दोनों की तरफ देखने लगती हैं ।रक्षित रुद्र की तरफ देख उसे चलने का इशारा करता है । खुद चाहत के पास है उसके गालों पर हाथ रख उसके माथे पर चूमते हुए कहता है , किसी भी चीज की जरूरत हो तो हम यहां पर हैं और तुम्हारे लिए इतने प्यारे बॉडीगार्ड्स भी छोड़ कर जा रहे हैं। अच्छे से रहना ।
चाहत पलके झपका देती हैं। वह दोनों वहां से चले जाते हैं । चाहत उन दोनों तोतों को देखकर खुश हो रही थी उसे वक्त का एहसास नहीं था ।कितना बज रहा है वो उन दोनों के साथ खेल रही थी। कभी उनकी नाक tuch करती तो कभी उनसे पेट पर गुदगुदी करती ।
वही टपोरी तोता चाहत को चुप देख केहता है । अब गुड़िया तुम काहे इतना चुप चुप हो रे हमसे बतियाने में तुमको मौत आ रही है क्या?
चाहत बड़ी-बड़ी आंखों से उसे देखने लगती हैं ।उसे उम्मीद नहीं थी यह तोता उससे भी ऐसी बात कर सकता है । वही जो दूसरा तोता था।जो कुछ ज्यादा ही डीसेंट था उसके पास आता है और उस तोते के पर नाचते हुए कहता है । तुम चुप नहीं हो सकती हो । गुड़िया है अगर बिखर गई तो । इसलिए चुप रहो
वह छापरी वाला तोता उसे देखकर उसके चोंच पर कस के मारता है। और उसे खुद से दूर करते हुए कहता है। अबे ओ रोमियो मेरे से ज्यादा यह चिपका चिपकी करना बंद कर दे मेरे को यह बिल्कुल पसंद नहीं है पर मेरे को ये गुड़िया बड़ी पसंद आई बक बहुत ही खूबसूरत लगी काश मैं लड़का होता तो मैं इसे किस करके शादी कर लेता अभी के अभी पर यह तो मुझे घूर रही है
क्या मैं तुमको पसंद नहीं आई क्या बे budhwak
चाहत उन दोनों की तरफ देखती है
मुस्कुराते हुए कहती हैं। आप दोनों बहुत अच्छे हैं। बोलते हुए वह वहीं पर खड़े हो जाते हैं । वह तीनों लोग मिलकर बस उस चांद की चमक को देख रहे थे
तभी चाहत को कुछ आवाज सुनाई देने लगता उसे लगता है कमरे में म्यूजिक बज रहा हो वो उन दोनों की तरफ देखती हैं। उसे नहीं पता था की आखिर ये आवाज किस चीज की है। वो देखने के लिए कमरे में आ जाती हैं। वह दोनों भी कमरे में उड़ते हुए आ जाते हैं ।
वो अब उस कमरे को निहार रहे थे उस पूरे कमरे में चाहत की रुद्रा और रक्षित के साथ काफी सारे पिक थी कुछ उसके बचपन की थी कुछ उसके बचपन से लेकर बड़े होने तक की थी, वहां उसकी हर अचीवमेंट की फोटोस लगी हुई थी वो सब को देखते हैं। कि एक बार फिर से उसके कानों में वही म्यूजिक बजने लगता है। वो लोग आसपास देख रहे थे ।
वही एक तोता उड़ते हुए बेड पर बैठता है चाहत उसे अलग करती हैं ।कि वह तोता ब्लैंकेट को अलग करते हुए इधर उधर देखने लगता है ।
चाहत की नजर वहां रखे हुए फोन पर जाती हैं ।जो लेटेस्ट एडिशन वो उस फोन की तरह देखती हैं।। जहां unknown नंबर से कॉल आ रहे थे, उसके अंदर इतनी हिम्मत नहीं थी वह उठा सके वो फोन लिए हुए वापिस बालकनी में आ जाती है।
फोन की तरफ देखती है। वहां पर मैसेज था वो whatsapp ओपन करती है , यहां पर क्या कर रहे हो तुम ठंड लग जाएगी कमरे में जाओ और बालकनी अंदर से बंद कर लेना ,
मैसेज पढ़ कर चाहत की आंखें बड़ी-बड़ी हो जाती है वो फिर इधर उधर देखते हुए खुद से कहती हैं ।यह फोन फोन किसका है? और यह मैसेज,
। की तभी दोबारा से फोन मैसेज आता है।
तुम इधर-उधर क्या देख रही हो मैंने कहा ना अंदर जाओ तुमसे ही बोल रहा हूं किसी और का फोन नहीं है । यह फोन तुम्हारा ही है समझी।
चाहत एक बार फिर से पूरे में नजर दौड़ने के बाद अपने फोन पर हिम्मत करके टाइप करती हैं । आप आप कौन हैं?
दूसरे साइड से फिर से मैसेज आता है । तुम्हारा पति,
चाहत के हाथ से फोन लगभग गिरते गिरते बचा था। उसे इस मैसेज की बिल्कुल भी उम्मीद नहीं थी वह बालकनी के थोड़ा सा नजदीक आकर नीचे झुकते हुए आसपास देखने लगती हैं। वहां पर बड़े-बड़े पेड़ लगे हुए थे और रात होने की वजह से कुछ खास देख नहीं पा रही थी।वह डरते हुए फोन को जल्दी से बंद कर देती हैं ।कमरे में अंदर जाकर बेड पर लेट जातो हैं उसे नींद नहीं आ रही थी उसकी आंखों से नींद कोसो दूर थी। अचानक इतना बड़ा बदलाव उसकी जिंदगी में आ गया था।
वही अव्वेयान जो गार्डन में एक पेड़ के पीछे खड़े होकर चाहत को देख रहा था। उसके होठों पर मुस्कुराहट छा जाते हैं वह उसकी खिड़की की तरफ देखते हुए कहता है।
तेरे एहसासों में कहीं गुम हो रहा हूं,, तेरे चेहरे पर मुस्कुराहट लाने की कोशिश कर रहा हूं,,
ना जाने कैसा एहसास है दिल में,,
तुझसे दूर होकर भी तेरी करीबी महसूस कर रहा हूं
बोलते हुए उसकी आंखें हैरानी से बड़ी हो जाती है वो खुद से कहता है। यह सब क्या है क्या मैं पागल हो गया हूं बट rabish बोलते हुए वह अपने ख्याल जातक एक आखरी नजर चाहत की खिड़की पर डाल अपने कदम बाहर की तरफ बढ़ने लगता है ।
वही धीरे-धीरे रात गहरी हो रही थी करीब 2 घंटे बाद चाहत की खिड़की पर दस्तक होती है। दो चमचमाती हुई जूते कमरे में कदम रखते हैं। उसकी नजर बेड पर थी जहां चाहत एक सॉफ्ट टेडी बेयर को गले लगाया अपना चेहरा उसके गर्दन में छुपाए हुए सो रही थीं उसने कपड़े बदले नहीं थे , उसने वही कपड़े पहने हुए थे अभी भी वो शख्स चाहत की तरह देखते हुए उसकी तरफ कदम बढ़ा रहा था। उसकी नजर चाहत के कमरे में लगी हुई फोटोस पर जाती हैं। वो फोटोस की तरफ हसरत भरी हुई नजरों से देखने लगता है । फिर उसकी नजर चाहत की एक फोटो पर जाती हैं। जिसमें वह बहुत ही ज्यादा चबी लग रहे थे। उसके गाल बहुत ही मोटे थे । घुंघराले बाल उसके चेहरे पर आ रहे हैं । और हाथ में एक टेडी लिए हुए बैठी थी ।
वो साखश उसके गालों पर अपनी उंगली फिर आते हुए कहता है। बचपन में तो गाल ज्यादा ही खूबसूरत थे फिर एक नजर चाहत पर डालता है । जिसके प्लाजो के ऊपर उठने से उसके पैर दिखाई दे रहे थे। फिर उन पैरों की तरह देख टेढ़ा मुस्कुरा कर कहता है। और जवानी में पैर ज्यादा खूबसूरत है । और जब ये मेरे कंधे पर होंगे तब कितने हसीन लगेंगे बोलते हुए वह चाहत की तरफ कदम बढ़ा देता है ।
उसकी नजर अब चाहत के नजदीक बहुत करीब उसकी बाहों में गिरफ्त टेडी बियर थी वो उसे वह बहुत ही खतरनाक तरीके से देख रहा था । वह उसके नजदीक आकर चाहत के हाथ को पकड़ता है ।चाहत हल्का सा इधर उधर हो जाती हैं अव्वेयान उस गुड्डे को आहिस्ता आहिस्ता उसके नजदीक से निकालता है। और एक ही बार में जमीन में पटक देता है ।
वह गुड्डा उड़ते हुए सीधा एक दीवार से जा लगता है ।और ऐसे बैठ जाता है ।जैसे कोई गोल मटोल सा बच्चा अव्वेयान उसकी तरफ कदम बढ़ाते हुए अपनी जेब से चाकू निकलता बिल्कुल टेडी बियर की आंख के नजदीक ले जाकर खतरनाक आवाज में कहता है। अपनी बीवी को कुछ वक्त के लिए यहां पर छोड़ किया दिया मैंने तुम लोग तो उस पर डोरे डालने पर उतर आए हो
अगर मेरी बीवी को अपना बनाया तो मैं तुम्हारा आंखें इसी से निकाल लूंगा अपनी आंखें बंद करके रखना मेरी बीवी के सामने यह कमरा उसका है । वो कुछ भी कर सकती है। पर तुम सभी को अपनी नज़रें नीचे रखनी होगी समझे बोलते हुए बहुत ही खतरनाक तरीके से अपनी गर्दन पर हाथ रखकर सहलाता है ।
वह ऐसे टेडी बेयर को धमकी दे रहा था जैसे वह उसकी राइफल हो फिर चाकू को वापस अपनी जेब में रख चाहत की तरफ पलटता है । चाहत के चेहरे को देखने के साथ ही उसके चेहरे का एक्सप्रेशंस बिल्कुल बदल जाते हैं। वह से चाहत के नजदीक आ अपने जूते उतारते हुए उसका एक हाथ पड़कर अपने करीब कर उसके कंधे पर अपना दूसरा हाथ रख उसकी कमर पर रख उसे अपने आगोश में लेते हुए हैं ।अपनी आंखें बंद कर उसके पीठ पर धीरे-धीरे हाथ से चलते हुए कहता है। तुम बेहद खूबसूरत हो और तुम सिर्फ मेरी हो तुम गंदी नहीं हो बल्कि यह पूरी दुनिया ही गंदी है । और इस गंदगी को मैं अब अपने हाथों से साफ करूंगा बोलते हुए वह अपनी चाहत के चेहरे को निहारने लगता है । उसकी आंखों में नींद तो बिल्कुल भी नहीं थी
सुबह का वक्त,
चाहत आंखें मलते हुए आंख खुलती है । वह बेड पर पैर फोल्ड कर बैठी थी एक हाथ से अपनी आंखें मल रही थी तभी उसके कानों में दो कड़कती हुई आवाज पढ़ती हैं। गुड़िया तुम्हें कितनी बार कहा है आंखें इस तरीके से मत मला करो लाल पड़ जाएंगे और इतनी सुबह क्यों उठ गई इतनी जल्दी कौन उठता है। अभी सुबह के 5:00 बजे हां ।
चाहत एकदम घबराकर अपनी आंखें खोलती और सामने देखती हैं । जहां रुद्राक्ष और रक्षित दोनों ही सोफे पर एक के ऊपर एक लेते हुए थे । और उसे ही देख रहे थे ।
चाहत बेड से उठने लगती हैं । कि उसे अपने आप से एक मेल परफ्यूम की स्ट्रांग स्मैल आने लगती हैं। उसका चेहरा एक्सप्रेशन लेस हो जाता हैं। वो उन दोनों की तरफ देखने लगती हैं । रक्षित अपनी जगह से खड़ा हो लगभग रुद्राक्ष को धक्का देकर सोफे से गिरते हुए चाहत के सामने आते हुए बालों पर चूमते हुए केहता है । कितना वक्त हो गया है ना हॉर्स राइडिंग नहीं करी, तुम्हें पता है तुमने एक बार बचपन में घर ड्रॉ करा था और उसके पीछे हॉर्स राइडिंग के लिए कहा था , तो देखो आज बिल्कुल वैसा ही है । चलो चलते हैं।
रक्षित के प्यार से कहने पर रूद्र उन दोनों की तरफ देखते हुए चिढ़ कर कहता है । भाई कभी इतने प्यार से मुझे भी बोल दिया करो आप ही का भाई हूं डस्टबिन में सच में नहीं उठा कर लाए थे आप लोग मुझे। बोलते हुए वो उन दोनों को ऐसे देख रहा था। जैसा कह रहा हो प्लीज हां कर दो एक बार।
रक्षित के होठों पर टेढ़ी मुस्कुराहट आ जाती हैं। वह क्लोसेट की तरफ जाकर चाहत के कपड़े निकालते हुए कहता है। गुड़िया तुम्हारे कपड़े निकाल दिए हैं और रात में कपड़े चेंज करके सोया करो बोलते हुए वह कमरे से बाहर चला जाता है।
रुद्र अपनी जगह से उठकर चाहत के नजदीक आ उसके हाथ को पकड़ घुटने के बाल बैठते हुए कहता हैं। गुड़िया आई एम रियली सॉरी ,
चाहत को समझ नहीं रूद्र उसे माफी क्यों मांग रहा है।
रूद्र उसके हाथों को अपने होठों से लगाते हुए गहरी सांस खींचते हुए कहता है । आई एम सॉरी कि मैं तुम्हें छोड़ कर गया , आई एम सॉरी की तुम्हें जब मेरी जरूरत थी , तब मैं नहीं आ पाया ,, आई एम सॉरी कि मैं इतना वक्त बाद आया हूं, आई एम सॉरी जो सब कुछ हुआ उस सबके लिए मैं तुमसे दिल से माफी चाहता हूं . पर प्लीज गुड़िया मेरी पहली वाली गुड़िया बन जाओ ना जो सबको परेशान करती थी, किसी की गलत बात नहीं सुनती थीं तुम इस तरीके से रहती हो तो मेरी जान निकलती है।
चाहत उसकी तरफ देखने लगती है। पर उसने कुछ भी नहीं कहा था। उसका दिल अभी भी घबराया हुआ सहमा हुआ डरा हुआ था उसे लोगों पर यकीन करने से डर लग रहा था पर इतना तो था कि वह रक्षित और रुद्र के साथ खुद को कंफर्टेबल महसूस कर रही थी।
रूद्र उसकी आंखों में देख रहा था । वो कुछ सोच कर मुस्कुराते हुए कहता अच्छा चलो अब जल्दी से फ्रेश होकर आ जाओ वरना भाई हम दोनों की क्लास लगा देंगे जैसे बचपन में हमें बाहर खड़े करके पनिश किया करते थे चाहत सर हिला देती हैं रुद्राक्ष उसके बालों को बिगड़ते हुए वहां से चला जाता है।



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