अमृत करीब 1 घंटे की हर्ष ड्राइविंग के बाद सीधा बैकयार्ड पहुंच चुका था। वहां पर बड़े-बड़े कंटेनर्स दिखाई दे रहे थे ,ओर उसका दिल जोरो से धड़क रहा था वो घबराते हुए आगे बढ़ रहा था। उसकी तो जैसे जवान ही साथ नहीं दे रही थी और ना ही उसके कदम साथ दे रहे थे , वो आस पास पगली की तरह घूमते हुए चिल्ला चिल्ला कर चाहत को पुकार रहा था ।पर चाहत का तो जैसे नमो निशान मिट चुका था वो दोनों हाथों से अपना सर पकड़ लेता है।
तभी उसकी नजर वहां बने हुए एक कमरे पर जाती हैं जहां पूरे बैक यार्ड पर अंधेरा था तो वहां उस कमरे में हल्की रोशनी और कुछ चहल-पहल दिखाई दे रही थी वह जल्दी से उस तरफ बढ़ने लगता है। उसने अपने फोन को आंखों के सामने कर रखा था लाइव लोकेशन चालू थी वह जैसे ही कमरे का दरवाजा खोलता है कोई उसके सर में एक जोरदार डंडा मारता है उसे अपने सर पर तेज दर्द महसूस हो रहा था से से खून निकलना शुरू हो चुका था , एक अपना सर के पीछे हाथ रख पीछे देखता है।
पीछे एक लड़का खड़ा हुआ था । उसने अपने चेहरे पर मास्क लगाए हुआ था
अमृत उसका चेहरा नहीं देख पा रहा था वो अपने गर्दन पर हाथ रख जैसे ही उसका मास्क निकालने के लिए हाथ आगे बढ़ता कोई उसके घुटने पर पीछे बहुत तेज से मारता है । उसके घुटने की की हड्डी टूट गई थी वो घुटने के बल जमीन पर बैठा जाता है एक उसे दूर करता है और सिद्ध कमरे में दाखिल होता है । उसकी नजर जमीन पर लेटे हुए चाहत पर जाती हैं।
जो बुरी तरीके से
चिक रही थी , उसके सर से खून आ रहा था। गाल पर थप्पड़ों के निशान थे , और उसकी वह ब्लैक कलर की ड्रेस कंधे से एक तरफ से फट गई थी , अमृत जल्दी से अपना जैकेट निकलते हुए उसके पास जाता कोई उसके दूसरे पर पर भी कस के घुटने के बीचों बीच मारता है। अमृत जमीन पर गिर जाता है । वह गुस्से से चिल्लाते हुए कहता है । मेरी बहन को छोड़ दो अगर तुम लोग उसके में करीब भी गए मैं तुम सब की जान ले लूंगा , बोलते हुए वह आगे बढ़ता है।
कि एक लड़का उसके बालों को पीछे से पकढ़ते हुए हंसते हुए कहता हैं। क्या बात है स्कूल का टॉपर कॉलेज में टॉपर लड़कियों फिदा है वह आज अपने घुटनों के पल भी नहीं बैठ पा रहा है । बोलते हुए वहां पर मौजूद तीन लड़के हंसने लगते हैं । उनमें से एक लड़का अमृत का नजदीक आकर उसके जबड़े को अपनी तरफ घूमते हुए कहता है चू चू चू कोई कह रहा था कि मेरी बहन की तरफ नजर मत उठा कर देखना वरना आंखें निकलेगा देख आज तेरी आंखों के सामने तेरी बहन की इज्जत की धज्जियां उदाऊंगा देखता हूं तू क्या करता है।
चाहत जो 15 साल की थी वह घबराते हुए कहती हैं। मत करो ये ये सब मुझे जाने दो
वही अमृत जिसके घुटने जैसे काम करना बंद कर चुके थे वो मुश्किल से खुद को शांत कर अपने दर्द को बर्दाश्त कर हुए उसके नजदीक आता है और उस लड़की के पैर को पड़कर पीछे की तरफ खींचते हुए दर्द में कहता है। मेरी बहन से मैंने कहा दूर रहो
उसने इतना ही कहा था कि वह लड़का बाकी पीछे खड़े हुए दो लड़कों की तरफ देखते हुए कहता है। क्या देख रहे हो मजा तो लेने दो यार कच्ची कली का फिर चाहत की तरफ देखते हुए , और तुम तो कांच की गुड़िया हो बिल्कुल कोई बात नहीं अगर तुम ज्यादा चीखोंगी चिल्लाओगी नहीं तो तुम्हें दर्द नहीं बल्कि मजा आएगा और जितना ज्यादा चीखोंगी उतना ही ज्यादा दर्द होगा बोलते हुए हैं वह चाहत की ड्रेस के अंदर अपना हाथ डाल देता ।
वो अपना हाथ चाहत के पूरा शरीर में घूमने लगता है। चाहत का पूरा शरीर काप जाता है। वो चौंकाते हुए
प्लीज प्लीज मुझे छोड़ दीजिए,
वो अपना से दूसरी तरफ कर लेती है वो अलधका उसके गर्दन ओर चूम रहा था तभी उसकी नजर ब्रेसलेट पर पड़ती है ज गिर गया था
अमृत उस तरफ पहुंचने की कोशिश करता है । और उसे उठाने के लिए अपना हाथ आगे बढ़ता है कि एक लड़का उसके हाथ के ऊपर अपना जूता रख उसकी उंगलियों को जूते के नीचे बुरी तरीके से मसलते हुए मजे लेते हुए कहता है। , अरे अरे तुम्हें क्या लगता है । खाली तुम और तुम्हारा बाप ही सिर्फ इतना ज्यादा तकनीक चीजों के बारे में एक्सपीरियंस है । अरे भाई हम भी हैं उन सब मामलों में थोड़ा बहुत , रही बात तुम्हारी बहन तक पहुंचने की जब तक हम नहीं चाहेंगे तब तक तुम्हारी बहन तो क्या कोई भी नहीं पहुंचेगा
हमने चाहा तुम यह आओ तो तुम पहुंच गए बाकियों से मुलाकात तो अब सिर्फ और सिर्फ न्यूज़ पेपर में होगी तब तुम्हारी बहन फेमस हो जाएगी और हर जगह हेडलाइंस में लिखा होगा एक भाई ने अपनी बहन को भेज दिया सौतेला अपना रंग दिखा ही गया ,
अमृत के कानों में ये शब्द ऐसे गूंज रहे थे जैसे कानों में किसी ने सीन जलता हुआ लोहा पिघल कर डाल दिया हो
वह गुस्से से कहता है , मेरी बहन को तुम लोगों ने कुछ भी कर मैं तुम्हें छोडूंगा नहीं , एक लड़का उसके झबड़े मजबूती से दबाते हुए उसके चेहरे को सामने की तरफ करते हुए कहता है , अरे तुम यहां मुझे देखकर बातचीत में अपना टाइम वेस्ट करने की जगह यहां देखो मैं तुम्हें जन्नत दिखता हूं । बोलते हैं उसने चाहत के कपड़े एक ही बार में फाड़ कर अलग कर दिए थे ,।
।
अमृत अपनी आंखें बंद कर लेता है।
जहां जमीन पर ब
लेटी हुई थी उसके दोनों हाथ इधर-उधर बंधे हुए थे और पैर भी उसका नाजुक सा शरीर वहां मौजूद हर किसी के सामने था। सभी की नजरों में उसके शरीर को देखकर हवास जाग उठी थी। उसका वह जवानि चढ़ता हुआ खूबसूरत जिस्म पर ब्लैक कलर के इनर वेयर्स खूबसूरत की मिसाल दे रही थी , उसकी वह गहरी हनी गोल्डन आंखें जो रोने की वजह से चमक रही थी उसका चेहरा रोने की वजह से लाल हो गया था ,
उसके लम्बे बाल खूबसूरत और हसीन लग रही थी
कोई भी उसे देखता तो अपने आप पर काबू ही नहीं कर पाता वह मौजूद एक लड़का अपने होठों को दांतों से दबाते हुए कहता है। अरे यार काश पहले मैं इसके नजदीक जा पाता पर कोई बात नहीं तू हमार हेड बज तुम यह करना चाहते तुम करो पर इसके बाद मै इसे छोडूंगा नहीं पहले ही बता रहा हूं , वैसे भी बहुत खूबसूरत चीज है इसे तो अपने साथ रखना चाहूंगा
गंदी तरीके से अपने होठों को लिक करने लगता है।
वही अमृत को सारी बातें अपने कान में चुभ रहे थे वो खुद खून से लट पथ था फिर भी अपनि पूरी ताकत लगाकर उस लड़के से खुद को छुड़ाते हुए चाहत के नजदीक आ अपना जैकेट उसे पहनते हुए कहता ,, शांत हो जाओ हम यहां से निकलेंगे उसने इतना ही बोला था कि एक लड़का तेजी से अमृत के पास आता है । और हथौड़े से सीधा उसके घुटने पर तेजी से मारता है । उसके घुटने की हड्डियां पूरी तरीके से चूर हो चुकी थी। उसके दर्द भरी चीख उस जगह पर गूंज जाती है। चाहत घबराते हुए अमृत के चेहरे को अपनी तरफ कर उसके गालों को थपथपाते हुए कहती हैं। भाई भाई आप ठीक तो है ना आपको आपको लगी तो नहीं, में ना पापा को पापा को बता दूंगी , भाई मैं पापा को पापा को सब कुछ सब कुछ बता दूंगी प्लीज प्लीज आप आंखें खोलो वो उसे उठाने की कोशिश कर रही थी,
अमृत उसे टोक ये हुए कहता हैं ,मैं इन लोगों को रोक लूंगा तुम तुम यहां से जाओ तुम्हारा यहां से जाना ज्यादा जरूरी है।
चाहत उसकी तरफ रोते हुए देखती हैं और उठने की कोशिश करती एक लड़का उसके बालों को पकड़ अपनी तरफ कर उसके होठों पर होंठ रख दे तेजी से चूमते हुए हुए उसके शरीर पर बहुत ही गंदी तरीके से हाथ को घूमने लगता है। उसका हाथ चाहत में बचे हुए कपड़ों को उतारने में लगा था ।
वही चाहत पूरी ताकत से खुद से दूर करने में लग चुकी थी 15 साल की पतली दुबली लड़की थी वही वो लोग हट्टे कट्टे थे, पर जो लड़के उसके ऊपर टूट पड़े थे वह उसे शायद काफी बड़े और ताकतवर थे वह फिजिकली स्ट्रांग थी पर इतनी नहीं कि वह हट्टे कट्टे लोगों से जीत सके उसे कुछ भी समझने का मौका मिल रहा था और ना ही खुद को बचाने का, उसका दिमाग धीरे-धीरे ऐसे काम करना बंद कर रहा था ।
वहीं जहां एक लड़का उसके होठों को चूम रहा था तो वहीं दूसरा लड़का पीछे से उसके नजदीक आता है। और उसके बॉडी से अपने बॉडी को रब करने लगता है। अमृत की आंखों से बुरी तरीके से आंसू निकल रहे थे वह कुछ कह भी नहीं पा रहा था ना ही रोक पा रहा था उसके दोनों पैर काम करने के लायक बच्चे ही नहीं थे।
उस जगह पर चाहत की चीख निकल रही थी, तो वही अमृत का शरीर जो उसे बचाने के चक्कर में जवाब दे चुका था, उसकी आंखें पूरी तरीके से लाल हो चुकी थीं वह अपनी आखिरी कोशिश करते हो वहां पड़ा हुआ हथोड़ा उठाता है और सीधा एक लड़के के सर पर निशाना मारता है उस लड़के के सर से खून निकलने लगा था उसे लड़के की आंखों में गुस्सा आ जाता है । वह जो चाहत के पूरे शरीर को चूम रहा था उसकी आंखें एकदम लाल हो जाती है।
वो एकदम से चाहत के सामने से हट जाता है और अमृत की तरफ कदम बढ़ने लगता है । अमृत तुरंत अपनी आंखें बंद कर लेता चाहत के शरीर पर एक भी कपड़ा मौजूद नहीं था अमृत को अपने शरीर से जान निकलते हुए महसूस हो रहे थे ।
वही वह लड़का अमृत के पास आ उसके आंखों को जबरदस्ती उंगली रखकर खोलते हुए कहता हैं ।बहुत-बहुत हिम्मत आ गई है ना तेरे में अब तू खुद अपनी आंखों के सामने अपनी बहन की इज्जत लूटते हुए देखेगा।
जो दर्द तेरे से बर्दाश्त नहीं हो रहा है न उससे भी कई गुना ज्यादा दर्द तेरी बहन को दूंगा फिर बाकी लड़कों की तरफ देखते हुए क्या कर रहे हो बे अब भाई बहुत हाथ पैर चलने लगे हैं दोनों बहन भाइयों के बोलते हुए उसने अमृत के बालों से पड़कर उसे खींचते हुए कोने में लेकर आता है और उसे पूरी तरीके से बांधते हुए उसके मुंह में कपड़ा ठोस देता है। अमृत जबरदस्ती खुद को छुड़ाने की कोशिश कर रहा था ।
वही चाहत की हालात पूरी तरीके से खराब हो चुकी थी उसकी आंखें सूज चुकी थीं और बंद होने लगता उसका शरीर जैसे कि बेजान हो चुका था । अभी शरीर में जान तक नहीं बची थी उसका शरीर कांप रहा था उसकी आत्मा जिसे अंदर ही अंदर मर चुकी हो उसका शरीर खाली उन लोगों के सामने था जिसे वह लोग अपन शिकार बना रहे थे।
मैं यहां तुमसे बात कर रहा हूं और तुम किन ख्यालों में खोए हुए हो तुम्हें मेरी आवाज सुनाई भी दे रही है। इडियट मैंने कहा दफा हो जाओ मेरी बहन की जिंदगी से रक्षित एकदम से चीखा था।
अमृत जो हमने ख्यालों में गुम हो चुका था रक्षित के चिल्लाने पर हो एकदम से सेंस में आता है। और उसकी तरफ देखने लगता है ।उसकी आंखें पूरी लाल हो चुकी थी वह 30 साल की उम्र में काफी कमजोर ओर बूढ़ा सा लगने लगा था, उसके चेहरे उभरी हुई दाढ़ी बिखरे हुए बाल l सफेद। पढ़ते चेहरा काले होंठ कमजोर शरीर जैसे जीना ही छोड़ दिया हो ,
रूद्र उसकी तरफ देखते हुए आइंदा कभी भी अपनी बदसूरत शक्ल लेकर मेरे या मेरी बहन के आसपास मत भटकना चले जाओ यहां से सबसे बड़ी गलती यही थी कि तुम्हें अपनी जिंदगी लाए है काश तुम होते ही नहीं,
अमृत उसकी तरफ आंसू भरी हुई आंखों से देखते हुए कहता है । काश भाई सच में मुझे ऐसा होता कि मैं ना होता मैं मर जाता जीसके साथ अपना बचपन जीना सीखा था जिसने मुझे मुस्कुराना सिखाया था जिसने मेरे हर गलती पर उदास होने की जगह मुस्कुराना सिखाया था। जिसे अपने बच्चों की तरह मैंने पाला था वह दर्द मैंने महसूस करा है । आप लोगों ने नहीं करा है । ना तभी तो आप लोग यह बात ईतनी आसानी से कह रहे हैं । मैंने पल-पल उसे घुटते हुए देखा है । भले उस से दूर था पर उसके पल-पल की खबर थी मुझे, आपसे कितनी कोशिश करी थी कि एक बार मिल लू या आप लोगों से बात हो जाए पर आप लोगों ने तो जैसे छोड़ ही दिया था हम दोनों को ,
रूद्र उसे गुस्से से घूरते हुए उसका हाथ पकड़ कर उसे चेयर से खड़ा कर जमीन पर धक्का देते हुए कहता है। हमें तुम्हारी ये सफाई नहीं सुन नी चले जाओ यहां से,ओर कभी लूट कर मत आना ,
अमृत जो पैरालाइज हो चुका था उसके पैरों में जान नहीं थी, रुद्र के धक्का देने पर वह मुंह के बल गिर जाता है। वो हाथबके सारे उठ कर बैठ जाता है ।गिर अपने शरीर को
पीछे की तरफ खींचते हुए कहता है। चला जाऊंगा पर सच तो सुन लो आखिर हुआ क्या था उस रात ,
रुद्र उसकी तरफ हैरानी से देखने आता है। उसे यकीन नहीं था इस चीज पर
अव्वेयान तेज आवाज में चिल्लाते हुए कहता है गार्ड उसके कहने पर ही एक गार्डन अंदर आता है ।और अमृत की तरह देखने लगता है । उस गार्ड की आंखों में अमृत के लिए एक रिस्पेक्ट थी एक प्यार था। वह जैसे ही अमृत की तरफ हाथ बढ़ाता ।
अमृत अपना हाथ पीछे करते हुए कहता है ।मुझे तुम्हारी जरूरत नहीं है । तेजा मैं भले ही अपाहिज़ हु और खुद का सारा खुद बन सकता हु ,
बस मेरी चेयर ले आओ तुम , तभी पीछे से एक गार्ड आता है उसके हाथ में व्हीलचेयर थी तेज अमृत को गोद में उठाकर चेयर पर बैठा देता है।
वहीं रुद्र और रक्षित के चेहरे के एक्सप्रेशंस बिल्कुल ठंडे थे उन्हें इस चीज के बारे में तो पता ही नहीं था उन्हें सिर्फ चाहत के बारे में पता था लेकिन अमृत कि यह हालत यह हालत किसने की थी अमृत अपनी व्हीलचेयर घूमाते हुए उसके सामने आकर रुक जाता और अपनी जेब से कुछ निकलते हुए रक्षित के हाथ में रखते हुए कहता है । आप लोगों ने बहुत सहारा दिया था पर बहन तो मेरी भी थी ना उसके दुश्मनों को मारे बिना मुझे सुकून नहीं आएगा भाई और जब तक वह लोग खून के आंसू नहीं रोएंगे मैं यहां से कहीं नहीं जाऊंगा भले ही आपको मैं आपके गले का फंदा ही क्यों ना लागू लेकिन मैं आपकी जान नहीं छोडूंगा अब मैं यहीं रहूंगा बोलते हुए वह अव्वेयान की तरफ देखने लगता है।
अव्वेयान के हाथ को पकड़ लेता है। अव्वेयान अपने हाथ को दूर झांटकते हुए कहता है दिमाग मत खराब करो और मुझे यह बताओ जो तुम मुझे कहानी सुनाया करते थे वह चाहत के बारे में ही थी ना इसलिए तुम हर लड़की से दूर रहा करते थे अमृत उसे बिना किसी एक्सप्रेशंस के देखने लगता है ।
और अपनी चेयर को आगे बढ़ते हुए कहता है जो इंसान बिना बात को जाने समझे सर सिर्फ गुस्सा सवार करके दुनिया को बर्बाद करने चला हो उसे मैं जवाब नहीं दे सकता,
रुद्र उसके सामने खड़े होते उसे जवाब नहीं दे सकते पर मुझे तो दे सकते हो ना तुमने ही कहा था कि जिस वक्त यह सब कुछ हुआ तुम गुड़िया के साथ थे तो जाहिर है तुम्हें सब पता होगा क्या हुआ है? उसके साथ?
अमृत नजर उठाकर उसकी तरफ देखता है। और एक-एक चीज जो कुछ भी हुआ था उन्हें सब कुछ बता देता है । रक्षित के कदम एकदम लड़खड़ा जाते हैं वही अव्वेयान के कान सुन हो चुके थे,, रूद्र जैसा अपने शरीर पर खड़ा था पर उसके शरीर से जान निकल चुकी हो वह एक दम गहरी शांति छा चुकी थी ,।
अमृत उन तीनों का एक्सप्रेशंस देखते हुए आगे की तरफ अपनी व्हीलचेयर को बढ़ने लगता है । वहां पर एक गहरी खामोशी छा चुके थे सिर्फ अमृत के व्हील चेयर आगे बढ़ने की आवाज आ रही थी।



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